
नोएडा संवाददाता प्रमोद दीक्षित नोएडा। हिंदी पखवाड़े के अवसर पर सेक्टर-15 स्थित नोएडा पब्लिक लाइब्रेरी का सभागार कविता, साहित्य और हास्य-व्यंग्य की प्रस्तुतियों से गूंज उठा। नोएडा लोक मंच के सांस्कृतिक प्रकल्प ‘पहला कदम’ की ओर से शनिवार को हिंदी सेवियों के सम्मान समारोह एवं भव्य काव्य-गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हिंदी भाषा, साहित्य, पत्रकारिता, शिक्षा और कला-संस्कृति के क्षेत्र में योगदान देने वाली विभूतियों को ‘हिंदी प्रहरी सम्मान–2026’ से सम्मानित किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नोएडा के पूर्व जिलाधिकारी एवं साहित्यकार एन. पी. सिंह रहे। पूर्व एडीएम सी. बी. तिवारी और नोएडा लोक मंच की कोषाध्यक्ष विभा बंसल ने भी अपने विचार रखे।सम्मानित होने वालों में प्रो. लल्लन प्रसाद, डॉ. राम शरण गौड़, बाबा कानपुरी, डॉ. अशोक मधुप, विनोद शर्मा, डॉ. ब्रज गोपाल सिंह, लाल सिंह, सपना दत्ता, राजेश्वरी त्यागराजन और बेल्जियम निवासी प्रवासी कवि एवं साहित्यकार कपिल कुमार शामिल रहे। सभी को सम्मान-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।वक्ताओं ने कहा कि तकनीकी दौर में हिंदी भाषा, साहित्य और संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाना महत्वपूर्ण चुनौती है। हिंदी केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि संस्कृति, संस्कार और साहित्यिक विरासत की पहचान है। ऐसे आयोजन युवाओं में हिंदी के प्रति रुचि और सम्मान बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।कविताओं और हास्य-व्यंग्य से गूंजा सभागारसम्मान समारोह के बाद आयोजित काव्य-गोष्ठी में कवियों ने हास्य, व्यंग्य, श्रृंगार और साहित्यिक भावों से जुड़ी रचनाएं प्रस्तुत कीं। कवियों की प्रस्तुतियों पर श्रोताओं ने जमकर तालियां बजाईं और पूरा सभागार देर तक साहित्यिक अभिव्यक्तियों से गूंजता रहा।नोएडा लोक मंच के महासचिव महेश सक्सेना ने कहा कि हिंदी का सम्मान केवल भाषा का सम्मान नहीं, बल्कि अपनी संस्कृति, संस्कार और साहित्यिक विरासत का सम्मान है। हिंदी के लिए योगदान देने वाले साहित्यकारों एवं संस्कृति सेवियों का सम्मान करना नोएडा लोक मंच के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि मंच भविष्य में भी हिंदी, साहित्य, संस्कृति और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा।कार्यक्रम में अरुण चंद्र राय, करण बंसल, प्रविंद्र शर्मा, अशोक पांडे, अजय कुमार तिवारी, ब्रजेश सिंह, अक्षय आनंद, सतीश यादव, जयवीर सिंह, सौरभ यादव, रोहित, भावेश चौहान, डी. पी. ठाकुर, संतोष ठाकुर, एस. एन. मिश्रा, सुरेश अग्रवाल और वीरेंद्र मल्लिक सहित नोएडा लोक मंच परिवार के सदस्य, साहित्यप्रेमी, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।कार्यक्रम का समापन “हिंदी का सम्मान करें, हिंदी को समृद्ध करें और हिंदी के प्रहरी बनें” के संकल्प के साथ हुआ।नोट: आपकी मूल सामग्री में शीर्षक में “नौ” हिंदी सेवियों का उल्लेख है, जबकि नामों की सूची में 10 नाम दिए गए हैं। ऊपर की खबर में सूची के आधार पर संख्या 10 रखी गई है।
