नोएडा संवाददाता प्रमोद दीक्षित

नोएडा। सेक्टर-62 स्थित आईएमएस लॉ कॉलेज में नयी पहल ज्यूरिस एकेडमिया सोसाइटी के तत्वावधान में “धर्मों के पार नारीवादी आंदोलन: एक सामाजिक-विधिक दृष्टिकोण” विषय पर प्रस्तुति प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को नारीवादी आंदोलनों के सामाजिक और विधिक पहलुओं के प्रति जागरूक करना और उनके विश्लेषणात्मक कौशल को विकसित करना रहा।
प्रतियोगिता से पूर्व प्रतिभागियों को शोध पद्धति, केस लॉ विश्लेषण और प्रभावी प्रस्तुति कौशल से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। कार्यक्रम को दो श्रेणियों में आयोजित किया गया, जिसमें सामाजिक आंदोलनों पर प्रस्तुति और केस लॉ प्रस्तुति शामिल रही।
प्रतियोगिता के दौरान प्रतिभागियों ने सती प्रथा उन्मूलन, बाल विवाह, महिला शिक्षा, व्यक्तिगत विधि सुधार और विभिन्न महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णयों जैसे विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत किए। प्रतियोगिता का मूल्यांकन प्रो. भाविश गुप्ता, व्यास कुमार यादव और डॉ. सचिन गोयल की निर्णायक मंडल ने किया।
प्रतियोगिता में निमिषा त्रिपाठी और अदीबा जंग ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि आकांक्षा बाजपेयी प्रथम उपविजेता और शाहीन खान द्वितीय उपविजेता रहीं।
विभागाध्यक्ष डॉ. अंजुम हसन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों में समालोचनात्मक सोच, विधिक जागरूकता और प्रभावी व्यक्तित्व कौशल के विकास में सहायक होते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को समकालीन सामाजिक मुद्दों के प्रति संवेदनशील बनाते हैं और उन्हें जिम्मेदार विधि विशेषज्ञ बनने के लिए प्रेरित करते हैं।