
नोएडा। संवाददाता प्रमोद दीक्षित
जहाँ दीये की रोशनी कभी नहीं पहुँचती — वहाँ बचपन बचाओ सेवा समिति ने उम्मीद की लौ जलाई।
दीपावली की शाम जब शहर के घरों में रोशनी थी, तब सेक्टर-62 की झुग्गी झोपड़ियों में बच्चों की आँखों में नई चमक थी। वजह थी — संस्था द्वारा जरूरतमंद बच्चों के बीच कॉपी, किताबें, स्कूल बैग और मिठाइयाँ बाँटकर मनाया गया “दीपावली मिलन समारोह”।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता एवं समाजसेवी अमित यादव और समाजसेवी बिजेंद्र यादव ने बच्चों के बीच अध्ययन सामग्री वितरित की।
उनके हाथों से जब बच्चे किताबें और बैग ले रहे थे, तो मासूम चेहरों की मुस्कान यह कह रही थी —
“दीपावली अब हमारी भी है…”
संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष कैलाश शाह और राष्ट्रीय महासचिव गौरव कुमार यादव ने कहा कि यह कार्यक्रम सिर्फ वितरण नहीं, बल्कि “सपनों का संचार” है। उन्होंने कहा कि जब बच्चे पढ़ेंगे तभी देश का भविष्य मजबूत होगा।
पत्रकार प्रमोद दीक्षित के अनुसार, संस्था की निस्वार्थ सेवा देखकर उत्तर प्रदेश के कई जिलों के समाजसेवियों ने समिति की सदस्यता ली।
कार्यक्रम में मुख लाल यादव को राष्ट्रीय सचिव, बरकत अली को यूपी स्ट्रीट वेंडर संगठन का अध्यक्ष, अली अकबर को महासचिव, कृष्णा शाह को गौतमबुद्ध नगर अध्यक्ष, विकास गुप्ता को गाजियाबाद अध्यक्ष और हीरालाल शाह को उत्तर प्रदेश युवा संगठन का अध्यक्ष बनाया गया।
मौके पर सुरेश शाह, मनोज जायसवाल, अवधेश सिंह, विवेक झा, लक्ष्मी नारायण, इंद्र पहलवान सहित सैकड़ों समाजसेवी मौजूद रहे।
हर किसी ने इस अनूठी पहल की सराहना करते हुए कहा कि —
“बचपन बचाओ सेवा समिति ने जो किया है, वह इंसानियत का असली त्योहार है!”

💥 ये खबर नहीं, एहसास है — वो दीपावली जो उन झुग्गियों में जल उठी जहाँ अब तक अँधेरा था।
ऐसे प्रयास ही समाज को बदलते हैं, और बताते हैं — “सच्ची रोशनी वहीं है जहाँ मुस्कान लौट आए।”