मुझे भी दहेज के लिए पीटा जाता था, जब डिमांड पूरी न कर सकी तो छोड़ दिया गया, फर्क बस इतना है कि मैं जिंदा हूं… ये कोई और नहीं बल्कि मृतक निक्की की भाभी हैं, जिनका नाम मीनाक्षी भाटी है. उनका आरोप है कि निक्की और कंचन भी मेरे साथ मारपीट करती थी, और उनके भाई रोहित ने न तो मुझे तलाक दिया और न ही मुझे साथ रख रहा है. कुछ दिन पहले खबर सामने आई थी कि ग्रेटर नोएडा के सिरसा में निक्की भाटी को दहेज के कारण जिंदा जला दिया गया. वहीं अब इस मामले में कई तरह-तरह के खुलासे हो रहे हैं.

मिनाक्षी भाटी, ग्रेटर नोएडा के गांव पल्ला की रहने वाली है. उसकी शादी मृतका निक्की के भाई रोहित के साथ 2016 में हुई थी. मिनाक्षी ने कहा कि मेरे पिता ने हैसियत के मुताबिक सबकुछ दिया था, लेकिन उन्हें संतोष नहीं था. दहेज में जो गाड़ी दी थी उसे कुछ ही दिन में यह कहते हुए बेच दिया था, ऊपर से ताने दिए कि ऐसी गाड़ी दी जिससे एक्सीडेंट हो गया. यहां तक मीनाक्षी ने यह भी आरोप लगाए हैं कि निक्की-कंचन की शादी से पहले ही उसे घर से निकाल दिया गया था, लेकिन पंचायत के बाद वह दोनों शादी के समय ससुराल में मौजूद थी. मिनाक्षी ने रोते हुए आरोप लगाया कि मेरे पति रोहित, कंचन-निक्की और उनकी मां मिलकर मारते थे. कंचन-निक्की घर से निकलने की घमकी देते हुए कहती थी कि जाओ, भाई की दूसरी जगह शादी हो जाएगी. जब मैंने इनके खिलाफ 2020 में दहेज प्रताड़ना का केस किया तो पारिवारिक समझौते के बाद वापस करा दिया गया, लेकिन एक बार फिर प्रताड़ित करने लगे. वहीं निक्की की हत्या के बाद पिता की ओर से लगाई जा रही इंसाफ की गुहार पर मिनाक्षी बोली, ‘कैसे इंसाफ मिल जाएगा उस इंसान को जिसने दूसरे की बेटी के साथ गलत किया? मैं भी तो किसी की बेटी थी, जिसे ना आपने जिंदा छोड़ा ना मरा छोड़ा, जैसे वो रो रहा है अपनी बेटी के लिए, मेरा बाप मुझे देखकर रोया था.’ मिनाक्षी ने कहा कि उन्हें ससुराल में फोन नहीं रखने दिया जाता था, जबकि बेटियों को रील्स बनाने की छूट थी. मिनाक्षी ने यहा तक कहा कि अपने हाथ में निक्की का नाम गुदवाए था विपिन, उन्हें नहीं लगता कि उसने हत्या की होगी.